क्यूँ क्रिकेट ग्राउंड मे एक से ज्यादा पिच होते है?

क्यूँ क्रिकेट ग्राउंड मे एक से ज्यादा पिच होते है?

क्या आप जानते है की किसी भी क्रिकेट के मैदान मे कम से कम 4 से 5 पिच होती है।
पिच मैदान को वो भाग है जहाँ बल्लेबाजी और गेंदबाजी की जाती है।

आपने क्रिकेट के मैदान मे हमेशा एक से ज्यादा पिच देखे होंगे।
क्या आपने कभी सोचा है की ऐसा क्यूँ किया जाता है? इस पोस्ट मे हम आपको ऐसा करने का कारण बतायेंगे।

अगर आप क्रिकेट फेन है तो आपको पता होगा की हर एक देश में बेटिंग कंडिशन एक समान नही होती। जैसे भारत में स्पिन गेंदबाजी ज्यादा प्रबल और असरकारी होती है तो वहीं ऑस्ट्रेलिया जैसे देशो मे तेज गेंदबाजी ज्यादा प्रबल और असरकारी होती है।

हमने आपके जहन मे जो प्रश्न उत्पनन् किया है की क्रिकेट के मैदान मे एक से ज्यादा पिच क्यूँ होती है?
इसका कारण कुछ इस प्रकार से हो सकता है।

कारण 1

किसी भी पीच को अंतरराष्ट्रिय स्तर पर तैयार करने के लिए बहुत समय लगता है। पिच डेकोरेटर सभी पिचों का अवलोकन करता है।

जो पीच सबसे अच्छी और सुखी हुई होती है उस पिच को खेलने के लिए तैयार किया जाता है।

कारण 2

बल्लेबाज और गेंदबाज क्रिकेट के मुख्य पात्र होते है जो अपनी भूमिका से खेल को एक निश्चित परिणाम की और ले जाते है।
कोई भी बल्लेबाज या गेंदबाज अपने होम कंडिशन मे खेलने का आदि होता है और अपना सर्वशेष्ठ प्रदर्शन करता है।

इसलिए क्रिकेट ग्राउंड पर खिलाडियों को अभ्यास करने के लिए एक से अधिक पिच बजबनाये जाते है ताकि खिलाडी पीच को अच्छे से समझ सके और अपना प्राकृतिक खेल प्रदर्शित कर सके।

कारण 3

IPL जैसे बड़े लीग मे एक ही क्रिकेट मैदान पर कम समय मे एक से अधिक मुकाबले खेले जाते है।

जब एक ही पिच पर एक से ज्यादा मुकाबले खेले जाते है तब पिच खराब होने की संभावना होती है।

इसीलिए क्रिकेट के मैदान मे एक से अधिक पिच बनाई जाती है ताकि अगले मुकाबले मे ताजी और नई पिच उपलब्ध हो।

जैसा की हमारे लेख मे आपने पढ़ा की पिच बनाने मे लगने वाले समय, खिलड़ियों के अभ्यास एवं एक से अधिक मुकाबले मे पिच की गुणवत्ता बनाये रखने के लिए एक ही मैदान पर एक से अधिक पिच बनाये जाते है।

यदि आप इसके अलावा दूसरे कारण भी जानते है तो कृपया कमेंट साँझा करे।